Uncategorized

श्री सीमेंट फैक्ट्री के विरोध में किसानों के साथ उतरा भारतीय किसान संघ

खैरागढ़। जिले में प्रस्तावित श्री सीमेंट फैक्ट्री को लेकर विरोध के स्वर तेज होने लगे हैं। फैक्ट्री स्थापना से करीब 55 गांवों के प्रभावित होने और विस्थापन की आशंका के बीच भारतीय किसान संघ केसीजी ने किसानों के साथ खड़े होने का ऐलान किया है। इसी सिलसिले में ग्राम बिचारपुर में संघ के पदाधिकारियों ने क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों के साथ बैठक कर प्रस्तावित परियोजना से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। बैठक में प्रभावित किसानों ने कहा कि फैक्ट्री स्थापना की स्थिति में कृषि भूमि, ग्रामीण आबादी और उनकी वर्षों पुरानी आजीविका पर गंभीर असर पड़ सकता है। किसानों ने संभावित विस्थापन, जमीन अधिग्रहण तथा गांवों के अस्तित्व को लेकर अपनी चिंताएं संघ के पदाधिकारियों के समक्ष रखीं।

किसानों की समस्याएं सुनने के बाद भारतीय किसान संघ ने स्पष्ट किया कि विकास के नाम पर किसानों के हितों और अधिकारों की अनदेखी स्वीकार नहीं की जाएगी। संघ का कहना है कि यदि एक औद्योगिक परियोजना के लिए करीब 55 गांवों के लोगों को अपनी जमीन और पुश्तैनी बस्तियां छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़े, तो ऐसे विकास की प्रक्रिया पर गंभीरता से विचार किया जाना जरूरी है। संघ पदाधिकारियों ने कहा कि किसान की जमीन केवल संपत्ति नहीं, बल्कि उसकी आजीविका और भविष्य की आधारशिला है। इसलिए किसी भी परियोजना को आगे बढ़ाने से पहले प्रभावित किसानों की सहमति, भूमि, मुआवजा, पुनर्वास और आजीविका की सुरक्षा जैसे मुद्दों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

भारतीय किसान संघ ने प्रभावित किसानों को भरोसा दिलाया कि वह इस मुद्दे पर उनके साथ मजबूती से खड़ा रहेगा। संघ ने कहा कि किसानों के हितों को दरकिनार कर लिए जाने वाले किसी भी निर्णय का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध किया जाएगा। आगामी दिनों में प्रभावित गांवों के किसानों से व्यापक चर्चा कर आंदोलन की रूपरेखा और आगे की रणनीति तय करने की बात भी कही गई।बैठक में भारतीय किसान संघ की प्रदेश महिला प्रमुख अदिति कश्यप, प्रदेश मीडिया प्रभारी संजय साहू, जिला अध्यक्ष हर्ष दशरिया, जिला मंत्री शिवनंदन जंघेल, जिला महिला प्रमुख पदमा वर्मा, किशोर जंघेल सहित पदाधिकारी मौजूद रहे। पूर्व विधायक गिरवर जंघेल, संघ के संरक्षक मोतीलाल जंघेल, राजकुमार जंघेल, श्रवण जंघेल समेत बड़ी संख्या में क्षेत्र के किसान और ग्रामीण बैठक में शामिल हुए।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page