

प्रधानमंत्री पोषण योजना की समीक्षा, पोषण वाटिका और एलपीजी उपयोग बढ़ाने के निर्देश
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के प्रभावी संचालन और निगरानी को लेकर मंगलवार को कलेक्टर इंद्रजीत सिंह चंद्रवाल की अध्यक्षता में जिला स्तरीय मॉनिटरिंग सह संचालन समिति की प्रथम त्रैमासिक समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में वर्ष 2026-27 के दौरान संचालित योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता, बच्चों के स्वास्थ्य और नियमित मॉनिटरिंग पर विशेष जोर दिया गया। कलेक्टर ने निर्देश दिया कि सभी विद्यालयों में भोजन परोसने से पहले उसकी गुणवत्ता की अनिवार्य जांच की जाए तथा चखना पंजी में नियमित रूप से प्रविष्टियां दर्ज की जाएं। निरीक्षण के दौरान अधिकारी स्वयं भोजन का स्वाद लेकर गुणवत्ता का परीक्षण करें और अपनी टिप्पणी दर्ज करें। साथ ही रसोईघर एवं भोजन वितरण व्यवस्था की स्वच्छता की नियमित जांच भी सुनिश्चित की जाए। बैठक में विद्यालयों में पोषण वाटिका विकसित करने पर विशेष बल दिया गया। जिन स्कूलों में पर्याप्त भूमि उपलब्ध नहीं है वहां गमलों और ग्रो-बैग के माध्यम से सब्जियों एवं फलों की खेती करने तथा स्थानीय स्तर पर बीज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। प्राचार्यों, शिक्षकों और विद्यार्थियों की सहभागिता से इस अभियान को आगे बढ़ाने पर भी जोर दिया गया। बच्चों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए विद्यालयों में पेयजल की गुणवत्ता की नियमित जांच, पानी की टंकियों की सफाई और ब्लीचिंग पाउडर से विसंक्रमण कराने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा मध्यान्ह भोजन तैयार करने में एलपीजी गैस के शत-प्रतिशत उपयोग पर बल देते हुए जिन विद्यालयों में गैस कनेक्शन उपलब्ध नहीं है या निष्क्रिय हैं वहां प्राथमिकता से नए कनेक्शन और सिलेंडर रीफिल कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के समन्वय से विद्यालयों में विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर बच्चों और मध्यान्ह भोजन तैयार करने वाले रसोइयों का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराने का निर्णय भी लिया गया। अंत में संबंधित अधिकारियों को योजना के सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करते हुए मध्यान्ह भोजन व्यवस्था को गुणवत्तापूर्ण एवं सुव्यवस्थित बनाए रखने के निर्देश दिए गए।