
लोक परंपरा, संस्कृति और भाईचारे का प्रतीक है भोजली पर्व : जंघेल
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। ग्राम पेटी में आयोजित जिला स्तरीय भोजली महोत्सव में पूर्व विधायक गिरवर जंघेल शामिल हुए। उन्होंने भोजली पर्व की पारंपरिक आस्था और छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक संस्कृति को नमन करते हुए क्षेत्रवासियों को भोजली महोत्सव की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर पूर्व विधायक गिरवर जंघेल ने कहा कि भोजली केवल एक पर्व नहीं बल्कि छत्तीसगढ़ की माटी, लोक संस्कृति, परंपरा और आपसी भाईचारे से जुड़ी गौरवशाली पहचान है। ऐसे आयोजन हमारी समृद्ध लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने के साथ ही नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का महत्वपूर्ण कार्य करते हैं।उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति की अपनी विशिष्ट पहचान है और भोजली जैसे पारंपरिक पर्व सामाजिक एकता, सद्भाव और आपसी प्रेम का संदेश देते हैं। इन आयोजनों के माध्यम से हमारी सांस्कृतिक विरासत एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी तक सहज रूप से पहुंचती है। जिला स्तरीय भोजली महोत्सव के दौरान पारंपरिक उत्साह और उल्लास का वातावरण रहा। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामवासी, जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे और सभी ने मिलकर भोजली पर्व की परंपरा एवं संस्कृति का उत्सव मनाया।
