
मुख्यमंत्री साय ने खाट पर बैठ सुनीं जनता की समस्याएं

मुख्यमंत्री के अचानक आगमन से गांव में उत्सव सा माहौल
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का सरोधी गांव में आकस्मिक आगमन प्रशासनिक सक्रियता और जनसंवाद का जीवंत उदाहरण बन गया। पारंपरिक स्वागत, खुले आसमान तले चौपाल और योजनाओं की जमीनी समीक्षा ने इस दौरे को विशेष बना दिया। मुख्यमंत्री के इस आकस्मिक दौरे को सरकार और ग्रामीणों के बीच भरोसे के सेतु को मजबूत करने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है। गौरतलब है कि छुईखदान विकासखंड के ग्राम सरोधी में सोमवार को उस समय उत्साह का वातावरण बन गया जब मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बिना पूर्व सूचना के गांव पहुंचे।
ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री का किया आत्मीय स्वागत
इस बीच ग्रामीणों ने महुआ, चार, आम और पारंपरिक व्यंजनों से उनका आत्मीय स्वागत किया। स्कूली बच्चों ने गुलमोहर और कनेर के फूलों से बने गुलदस्ते भेंट कर सम्मान प्रकट किया।

पेड़ों की छांव में खाट पर बैठा ‘सुशासन’
ग्राम सरोधी के पूर्व माध्यमिक शाला परिसर में कटहल और गुलमोहर के पेड़ों के नीचे सजी चौपाल में मुख्यमंत्री खाट पर बैठकर ग्रामीणों से सीधे संवाद करते नजर आए। बता दे कि यह वही गांव है जहां एक दशक पहले नक्सली गतिविधियों के कारण पुलिस भी सहज रूप से पहुंचने में भय खाती थी। बहरहाल मुख्यमंत्री ने एक-एक कर समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को मौके पर ही निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि “सुशासन तिहार” सरकार की जवाबदेही का प्रतीक है जिसके माध्यम से शासन खुद जनता के बीच पहुंच रहा है।

योजनाओं की जमीनी हकीकत पर सीएम का फोकस
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में 18 लाख प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत किए गए हैं जिनमें सरोधी गांव में 70 आवास शामिल हैं। 14 पूर्ण और 43 निर्माणाधीन हैं। बैगा समुदाय के लिए “प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना” के तहत 65 आवास स्वीकृत हुए जिनमें 63 पूर्ण हो चुके हैं। वन अधिकार के तहत 165 हितग्राहियों को व्यक्तिगत पट्टे और 9 सामुदायिक अधिकार पत्र वितरित किए गए हैं।

महिलाओं और किसानों को सशक्त करने पर जोर
मुख्यमंत्री ने बताया कि “महतारी वंदन योजना” के तहत 70 लाख महिलाओं को 26 किश्तों में लगभग 1700 करोड़ रुपये दिए गए हैं। किसान हित में 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी और बकाया बोनस का भुगतान किया जा रहा है। तेंदूपत्ता संग्रहण दर को 4000 से बढ़ाकर 5500 रुपये प्रति मानक बोरा किया गया है जिससे वनांचल क्षेत्र की आय में वृद्धि होगी।
जल जीवन मिशन पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश
ग्रामीणों ने पेयजल आपूर्ति में आ रही समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। मुख्यमंत्री ने इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए। साथ ही राशन व्यवस्था, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की भी समीक्षा की गई।
विकास कार्यों की लगी झड़ी: सड़क, पुल, भवन और बुनियादी सुविधाओं की हुई घोषणा
चौपाल के दौरान मुख्यमंत्री ने सरोधी और आसपास क्षेत्र के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की जिनमें पीडीएस गोदाम और नवीन ग्राम पंचायत भवन निर्माण, पूर्व माध्यमिक शाला का नया भवन, छुईखदान-बकरकट्टा मार्ग का चौड़ीकरण, तेंदूभाठा से जोम ओटेबंध सड़क निर्माण, साल्हेवारा-पंडरापानी मार्ग पर मगुरदा नाला में पुल,पीएचसी बकरकट्टा में 108 एम्बुलेंस तैनाती, 33 केवी विद्युत सब स्टेशन और विभिन्न सड़कों का निर्माण व कोपरो-ग्वालगुंडी मार्ग सहित कई स्थानों पर वृहद पुल निर्माण की घोषणा की। इस दौरान सीएम के कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष प्रियंका खम्मन ताम्रकार, उपाध्यक्ष विक्रांत सिंह, अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।


