
राज्य शिक्षक सम्मान समारोह में मिला डॉ. पदुमलाल पुन्नालाल बख्शी स्मृति सम्मान; 18 वर्षों से नवाचार के जरिए शिक्षा को बना , रहे रोचक और प्रभावी
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। शिक्षक दिवस के अवसर पर राजभवन रायपुर में आयोजित राज्य शिक्षक सम्मान समारोह में केसीजी जिले के शिक्षक राजेश कुमार प्रजापति को डॉ. पदुमलाल पुन्नालाल बख्शी स्मृति सम्मान 2026 से सम्मानित किया गया। 5 सितंबर को आयोजित समारोह में राज्यपाल रमेन डेका ने उन्हें प्रशस्ति-पत्र शॉल मोमेंटो एवं सम्मान राशि प्रदान कर सम्मानित किया। सम्मान के रूप में प्राप्त 50 हजार रुपए की राशि उन्होंने अपने विद्यालय के बच्चों की शैक्षणिक गुणवत्ता और आवश्यक सुविधाओं के लिए समर्पित कर दी। राजेश कुमार प्रजापति वर्तमान में छुईखदान विकासखंड के शासकीय प्राथमिक शाला मरदकठेरा में प्रधान पाठक के पद पर पदस्थ हैं। कक्षा-कक्ष में नवाचार गुणवत्तापूर्ण शिक्षण संस्कारयुक्त शिक्षा और बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए किए जा रहे उनके प्रयासों के आधार पर उन्हें यह राज्य स्तरीय सम्मान मिला है।
पढ़ाई के साथ कौशल और संस्कार पर जोर
राजेश प्रजापति पिछले 18 वर्षों से शिक्षा के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने पारंपरिक शिक्षण पद्धति के साथ आधुनिक तकनीकों और गतिविधि आधारित शिक्षा को अपनाकर बच्चों के लिए सीखने की प्रक्रिया को सहज और रोचक बनाया है। शिक्षण सहायक सामग्री स्मार्ट कक्षा खेल-खेल में पढ़ाई सामान्य ज्ञान चर्चा योग-व्यायाम ऑनलाइन कक्षाएं और क्रियात्मक शोध जैसे प्रयोग उनकी कार्यशैली का हिस्सा हैं। विद्यालय में वे हर शनिवार को बैगलेस दिवस आयोजित कर बच्चों को किताबी ज्ञान से इतर रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ते हैं। इस दौरान बच्चे क्राफ्ट वर्क मूर्तिकला रंगोली और कबाड़ से उपयोगी वस्तुएं बनाने जैसी गतिविधियों के माध्यम से अपने हुनर को निखारते हैं। इसके साथ ही स्वच्छता पर्यावरण संरक्षण अनुशासन और सामुदायिक सहभागिता के प्रति बच्चों में जिम्मेदारी की भावना विकसित करने पर भी विशेष जोर दिया जाता है।
जन्मदिन पर बच्चों को दिया था कंप्यूटर
डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए राजेश प्रजापति ने अपने जन्मदिन के अवसर पर विद्यालय के बच्चों को कंप्यूटर भेंट किया था। उनका उद्देश्य ग्रामीण परिवेश के बच्चों को तकनीकी शिक्षा से जोड़कर उन्हें भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करना है। पालक संपर्क सामुदायिक सहभागिता कौशल उन्नयन, समर कैंप तथा जवाहर नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा की तैयारी में भी उनके प्रयास उल्लेखनीय रहे हैं। उनकी सेवा भावना का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पूर्व में मिले शिक्षादूत अलंकरण सम्मान और राज्यपाल शिक्षक सम्मान की राशि भी उन्होंने बच्चों की शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए विद्यालय को समर्पित की थी। अब राज्य स्तरीय स्मृति सम्मान की 50 हजार रुपए की राशि भी उन्होंने स्कूल के विद्यार्थियों के हित में देने का निर्णय लिया है।
जिले के लिए गौरव की उपलब्धि
राजधानी रायपुर में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव, शिक्षा सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह और लोक शिक्षण संचालनालय के संचालक ऋतुराज रघुवंशी की मौजूदगी में राजेश प्रजापति को सम्मानित किया गया। उनकी इस उपलब्धि पर सरपंच ओमकुमारी जंघेल, दीना जंघेल, अध्यक्ष रामगुलाल जंघेल, नारायण साहू, जिला शिक्षा अधिकारी मुकुल केपी साव, विकासखंड शिक्षा अधिकारी छुईखदान गिरेन्द्र कुमार सुधाकर, खैरागढ़ विकासखंड शिक्षा अधिकारी नीलम सिंह राजपूत, एबीईओ खैरागढ़ किशोरी लाल अमेला, विकासखंड स्त्रोत समन्वयक सुजीत सिंह चौहान, संकुल समन्वयक संजय सिंह राजपूत, रामसुख निषाद सहित जिले के शिक्षकों ग्रामवासियों शुभचिंतकों और परिजनों ने बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

