
विधायक ने खैरागढ़ में सामाजिक भवन निर्माण के लिए दी 7 लाख की स्वीकृति

जयंती समारोह में बच्चों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। संविधान निर्माता डॉ.भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती खैरागढ़ में बौद्ध समाज के नेतृत्व में हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में मनाई गई। इस अवसर पर आयोजित मंचीय कार्यक्रम, भव्य रैली और सांस्कृतिक आयोजनों की श्रृंखला ने पूरे नगर को उत्सवमय बना दिया। मुख्य आयोजन जिला मुख्यालय स्थित सर्किट हाउस के समीप शासन द्वारा आबंटित बुद्ध विहार सह अंबेडकर भवन निर्माण हेतु भूमि पर समारोहपूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विधायक यशोदा वर्मा उपस्थित रहीं। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाज के प्रमुख सलाहकार अनुराग शांति तुरे ने की जबकि अति विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य नीलांबर वर्मा एवं शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष डॉ.अरुण भारद्वाज उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथियों में समाज के संरक्षक मधुकर चोखान्द्रे, बौद्ध समाज अध्यक्ष उत्तम कुमार बागड़े एवं व्याख्याता व मोटिवेशनल स्पीकर डॉ.मकसूद शामिल रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ विधायक यशोदा वर्मा की अगुवाई में अतिथियों द्वारा भगवान तथागत गौतम बुद्ध और बाबा साहेब की प्रतिमाओं के समक्ष दीप प्रज्वलित व पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया।

बाबा साहेब ने बताया इंसानियत से बड़ा कोई धर्म नहीं- यशोदा
मुख्य अतिथि विधायक यशोदा वर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि बाबासाहेब का संघर्ष और उनका व्यक्तित्व आज भी समाज को प्रेरित करता है। उन्होंने कहा कि बाबासाहेब ने समानता, शिक्षा और मानवता का जो संदेश दिया वह आज भी उतना ही प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि इंसानियत से बड़ा कोई धर्म नहीं है और हमें बाबासाहेब के बताए मार्ग पर चलकर समाज व राष्ट्र के उत्थान के लिए कार्य करना चाहिए। इस अवसर पर विधायक श्रीमती वर्मा ने बौद्ध समाज के भवन निर्माण के लिए 7 लाख रुपये की राशि देने की घोषणा की और सर्वसुविधायुक्त बुद्ध विहार निर्माण में सहयोग का आश्वासन दिया। अध्यक्षीय उद्बोधन में समाज के प्रमुख सलाहकार अनुराग शांति तुरे ने बाबासाहेब के जीवन से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करते हुए उनके संघर्षपूर्ण जीवन और शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि विपरीत परिस्थितियों के बावजूद शिक्षा के बल पर बाबासाहेब विश्व पटल पर ज्ञान के प्रतीक बने। डॉ.अरुण भारद्वाज ने कहा कि बाबासाहेब द्वारा निर्मित संविधान के कारण ही देश में समानता और स्वतंत्रता की स्थापना संभव हुई है। उन्होंने समाज के भवन निर्माण के लिए भविष्य में हर संभव मदद का आश्वासन दिया वहीं डॉ.मकसूद ने शिक्षा के महत्व पर बल देते हुए कहा कि विचारों की मजबूती के लिए शिक्षित होना आवश्यक है और अभिभावकों को अपने बच्चों की शिक्षा को प्राथमिकता देनी चाहिए। इससे पूर्व समाज के संरक्षक मधुकर चोखान्द्रे ने स्वागत उद्बोधन देते हुए अतिथियों का अभिनंदन किया और जयंती की शुभकामनाएं दी।
समारोह में पुरस्कृत हुई बौद्ध समाज की प्रतिभाएं
कार्यक्रम में बौद्ध समाज के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं ने आकर्षक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं जिन्हें विधायक यशोदा वर्मा एवं समाज के पदाधिकारियों द्वारा पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर समाज के सम्मानित संरक्षक मधुकर चोखान्दे, प्रमुख सलाहकार अनुराग शांति तुरे, अध्यक्ष उत्तम बागड़े, पूर्व अध्यक्ष भोजराज ऊके, वरिष्ठजन माखन भीमटे, वाय.आर. पाटिल, मंसाराम सिमकर, अनिल सहारे, सुरेश चौरे, देवेंद्र नागदेवे, समाधान सिरसाठ, युवा समाजसेवी प्रदीप बोरकर, प्रशांत सहारे, भरत वानखेड़े, शशि रामटेके, सुरेंद्र मेश्राम, ज्योतेस मेश्राम, पवन सहारे, आर्यन सिरसाठ, महिला मंडल अध्यक्ष कविता नागदेवे, डॉ.मेधाविनी तुरे, छाया चौरे, जयमाला बागड़े, दुर्गा मेश्राम, निवेदिता बोमले, दीप्ती बागड़े, सपना गणवीर, मुस्कान चौरे, नीतू रामटेके, स्वीटी वालदेकर, अनीता ऊके, अनामिका मेश्राम, पूजा सहित बड़ी संख्या में बौद्ध समाज के उपासक-उपासिकाएं एवं नागरिकगण उपस्थित रहे।

