राज्य स्तरीय स्काउट-गाइड शिविर में बाजार अतरिया के चार प्रतिभागियों ने किया प्रतिनिधित्व

व्यक्तिगत विकास, नेतृत्व क्षमता, अनुशासन और आपदा प्रबंधन का प्राप्त किया प्रशिक्षण
बाजार अतरिया। भारत स्काउट्स एवं गाइड्स, छत्तीसगढ़ के तत्वावधान में पचमढ़ी में आयोजित राज्य स्तरीय स्काउट-गाइड एवं रोवर-रेंजर पंचम व्यक्तिगत विकास एवं आपदा प्रबंधन शिविर में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बाजार अतरिया के चार प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता कर विद्यालय का प्रतिनिधित्व किया। 14 से 18 अक्टूबर 2026 तक आयोजित इस पांच दिवसीय शिविर में विद्यार्थियों को व्यक्तित्व विकास के साथ नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, सेवा भावना, सामूहिक कार्य और आपदा प्रबंधन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां एवं प्रशिक्षण प्रदान किया गया।शिविर का मुख्य उद्देश्य युवाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता, जिम्मेदारी की भावना तथा आपातकालीन परिस्थितियों का प्रभावी ढंग से सामना करने की दक्षता विकसित करना था। शिविर के दौरान प्रतिभागियों को विभिन्न प्रशिक्षण गतिविधियों के माध्यम से विपरीत परिस्थितियों में धैर्य बनाए रखने, सूझबूझ से निर्णय लेने और सामूहिक प्रयासों के महत्व को समझने का अवसर मिला। इस राज्य स्तरीय शिविर में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बाजार अतरिया की ओर से चंद्र कुमार, डिकेश्वर पाल, नारायण साहू एवं मोनेश पाल ने सहभागिता की। पांच दिवसीय प्रशिक्षण के दौरान विद्यार्थियों ने न केवल नई जानकारियां अर्जित कीं, बल्कि अनुशासित जीवनशैली अपनाने, समूह में मिलकर कार्य करने तथा समाज के प्रति अपने दायित्वों को समझने का अनुभव भी प्राप्त किया।स्काउट-गाइड गतिविधियां विद्यार्थियों में सेवा, सहयोग, समर्पण और सामाजिक जिम्मेदारी जैसे गुणों के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। विशेष रूप से आपदा प्रबंधन का प्रशिक्षण प्राकृतिक आपदाओं अथवा अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में सतर्कता बरतने, उपलब्ध संसाधनों का उचित उपयोग करने और जरूरतमंदों की सहायता करने की समझ विकसित करने में सहायक होता है।पचमढ़ी में आयोजित इस राज्य स्तरीय शिविर में भागीदारी से बाजार अतरिया के विद्यार्थियों को विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रतिभागियों के साथ अनुभव साझा करने तथा अपनी क्षमताओं को निखारने का अवसर मिला। इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के साथ उनमें नेतृत्व, आत्मनिर्भरता और समाजसेवा की भावना को मजबूत करते हैं।विद्यालय के चारों प्रतिभागियों की इस सहभागिता को विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है। ऐसे आयोजन युवाओं को जिम्मेदार नागरिक बनने, समाज के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने और जरूरत के समय दूसरों की सहायता के लिए तत्पर रहने की प्रेरणा देते हैं।
