36वें पड़ाव में सघन वन क्षेत्र पहुंची धर्मयात्रा, डोंगरेश्वर महादेव में हुआ सुंदरकांड का पाठ

सत्यमेव न्यूज़/खैरागढ़. नर्मदा चौक से 8 किमी दूर साल्हेवारा रोड में सुरम्य वादियों के बीच विराजे डोंगरेश्वर महादेव के दर पर धर्मयात्रा अपने 36वें पड़ाव में पहुंची. बगदूर सहित आसपास के दर्जन भर गांव के ग्रामीण सुंदरकांड और हनुमान चालीसा पाठ में शामिल हुये. वनवासी क्षेत्र में जंगलों के बीच स्थित इस पौराणिक स्थल के बारे कोई लिखित इतिहास तो नहीं है पर वनवासियों के अनुसार ये देव स्थान दो से ढाई सौ साल प्राचीन है. ये किसी तपस्वी साधु का स्थान है जहां अतिप्राचीन शिवलिंग के साथ मानव निर्मित शिवलिंग को स्थान दिया गया है वहीं हनुमान जी सहित अन्य देवतागण विराजमान है साथ ही साधु बाबा का मंदिर बनाया गया है. खास बात यह है कि मंदिर के ठीक सामने कुंड विराजमान है जिसमें औषधीय गुणों से युक्त पानी आता है. कुंड का पानी स्वच् छ है और स्वादिष्ट भी है.
समिति के अध्यक्ष ने बताया कि आसपास के वनवासी कुंड के इसी जल को अपनी सुख समृद्धि का द्योतक मानते हैं और कुंड का जल अपने घर ले जाते हैं क्योंकि औषधीय तत्वों से भरा जल जल्द खराब नहीं होता. क्षेत्र के रहवासियों ने धर्मयात्रियों के आगमन और सुंदरकांड के पाठ के अवसर पर भंडारा आयोजित किया. चोडऱा धाम में पहुंचने वाले प्रत्येक श्रद्धालुओं को भोजन कराया गया वहीं देर रात तक बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे और सुंदरकांड पाठ में सहभागी बने.