
महिलाओं को मिला स्वरोजगार का तकनीकी आधार
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। भारतीय स्टेट बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (एसबीआई आरसेटी) खैरागढ़ में आयोजित 15 दिवसीय आवासीय ए-हेल्प (पशु सखी) प्रशिक्षण कार्यक्रम का मंगलवार को समापन हो गया। कार्यक्रम के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को वैज्ञानिक पशुपालन पशु स्वास्थ्य सेवाओं और डेयरी प्रबंधन से जुड़ी आधुनिक तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया ताकि वे स्वरोजगार के साथ ग्रामीण पशुपालकों को तकनीकी सहयोग भी प्रदान कर सकें। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित अग्रणी जिला प्रबंधक सी.एस. ठाकुर ने कहा कि ए-हेल्प योजना ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में प्रभावी पहल है। उन्होंने प्रशिक्षण प्राप्त महिलाओं से अपने गांवों में पशुपालकों को आधुनिक पशुपालन पद्धतियों की जानकारी देकर बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने का आग्रह किया है। मुख्य प्रशिक्षक एवं वरिष्ठ पशु चिकित्सक डॉ. रामपाल टंडन ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को पशु स्वास्थ्य प्रबंधन, कृत्रिम गर्भाधान, टीकाकरण, ईयर टैगिंग, संतुलित पोषण, रोगों की पहचान एवं नियंत्रण सहित विभिन्न विषयों का व्यवहारिक अभ्यास कराया गया है। जिला परियोजना प्रबंधक उमेश तिवारी ने कहा कि प्रशिक्षित पशु सखियां ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालन आधारित आजीविका को मजबूत करने के साथ महिला सशक्तिकरण की दिशा में भी अहम भूमिका निभाएंगी। वहीं विकासखंड प्रबंधक दीनानाथ लिल्हारे ने प्रशिक्षणार्थियों को अर्जित ज्ञान का उपयोग कर नए रोजगार के अवसर विकसित करने और वैज्ञानिक पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए प्रेरित किया है। कार्यक्रम में ईडीपी असेसर राम बासु, डोमेन असेसर डॉ. सेजल साहू, आरसेटी फैकल्टी ओम जी मिश्रा, अभिषेक तिवारी तथा कार्यालय सहायक संतोष कार्की सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। समापन अवसर पर सभी सफल प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षण किट एवं प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। अंत में अतिथियों, प्रशिक्षकों और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए प्रशिक्षित पशु सखियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
