भारतीय ज्ञान परंपरा: विकसित भारत के परिप्रेक्ष्य में’ विषय पर होगा अकादमिक विमर्श
सत्यमेव न्यूज गंडईपंडरिया। नगर स्थित शासकीय महाविद्यालय गंडई में बुधवार से दो दिवसीय राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी का आयोजन प्रारंभ हुआ। भारतीय ज्ञान परंपरा: विकसित भारत के परिप्रेक्ष्य में विषय पर आयोजित यह संगोष्ठी भारत की समृद्ध ज्ञान परंपरा को समकालीन संदर्भों में पुनर्स्थापित करने और विकसित भारत की अवधारणा के साथ उसके संबंधों पर गंभीर अकादमिक चर्चा का मंच प्रदान करेगी। यह राष्ट्रीय संगोष्ठी उच्च शिक्षा विभाग छत्तीसगढ़ शासन के प्रायोजन से आयोजित की जा रही है। कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. एन. एस. वर्मा के संरक्षण तथा पूर्व प्राचार्य डॉ.डी.पी. कुर्रे के मार्गदर्शन में किया जा रहा है। संगोष्ठी के संयोजक गावस्कर कौशिक और संयोजक सचिव भागवत वर्मा ने बताया कि आयोजन का उद्देश्य भारतीय ज्ञान परंपरा के दार्शनिक शैक्षिक वैज्ञानिक आर्थिक और सांस्कृतिक आयामों का वर्तमान विकास परिदृश्य के संदर्भ में विश्लेषण करना है। दो दिवसीय संगोष्ठी के दौरान विभिन्न तकनीकी सत्रों में शोधपत्रों का वाचन विषय विशेषज्ञों के व्याख्यान तथा अकादमिक विचा विमर्श आयोजित किए जाएंगे। इसमें देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों के प्राध्यापक शोधार्थी और विषय विशेषज्ञ भाग लेंगे। महाविद्यालय परिवार का मानना है कि यह संगोष्ठी भारतीय चिंतन की समृद्ध परंपरा को वैश्विक संदर्भों में स्थापित करने के साथ-साथ युवाओं में बौद्धिक जागरूकता और शोध की प्रवृत्ति को प्रोत्साहित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इसके लिए सभी शिक्षाविदों शोधार्थियों और विद्यार्थियों से संगोष्ठी में सक्रिय सहभागिता का आग्रह किया गया है।