
नगर पालिका से महज 100 मीटर दूर शर्मसार करने वाली व्यवस्था
केवल मूत्रत्याग के लिए 10 से 20 रुपये तक की वसूली
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। नगर पालिका कार्यालय से महज लगभग 100 मीटर की दूरी पर स्थित खैरागढ़ बस स्टैंड में महिलाओं के लिए सार्वजनिक मूत्रालय का अभाव लंबे समय से गंभीर समस्या बना हुआ है। प्रतिदिन सैकड़ों बसों और करीब 500 से अधिक यात्रियों की आवाजाही वाले इस प्रमुख बस स्टैंड पर महिला यात्रियों को मूलभूत सुविधा तक उपलब्ध नहीं है। ऐसे में उन्हें मजबूरी में निजी सुलभ शौचालय का सहारा लेना पड़ता है जहां केवल मूत्रत्याग के लिए भी 10 से 20 रुपये तक वसूले जाने के आरोप सामने आए हैं। मामले को लेकर स्थानीय नागरिकों का कहना है कि बस स्टैंड से प्रतिदिन बड़ी संख्या में महिलाएं सफर करती हैं लेकिन उनके लिए अलग सार्वजनिक मूत्रालय की व्यवस्था नहीं होने से उन्हें असुविधा, आर्थिक बोझ और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रवेश के समय नहीं बताते शुल्क, बाहर निकलते ही मांगे जाते हैं रूपये
महिला यात्रियों का आरोप है कि शौचालय संचालन की व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी नहीं है। उनका कहना है कि प्रवेश के समय किसी प्रकार की शुल्क संबंधी जानकारी नहीं दी जाती लेकिन शौचालय से बाहर निकलने के बाद अचानक पैसे की मांग कर दी जाती है। यात्रा की मजबूरी और विकल्प के अभाव में अधिकांश महिलाएं विवाद से बचने के लिए निर्धारित या कथित शुल्क का भुगतान करने को विवश हो जाती हैं।
पीड़ित महिलाओं ने साझा किए अपने अनुभव
कालेगोंदी की एक महिला ने बताया कि अचानक शौचालय की आवश्यकता पड़ने पर वह बस स्टैंड स्थित शौचालय पहुंचीं। प्रवेश के समय किसी ने शुल्क की जानकारी नहीं दी लेकिन बाहर निकलते ही कर्मचारी ने 10 रुपये की मांग कर दी। उन्होंने कहा कि यदि पहले ही जानकारी मिल जाती तो वह दूसरा विकल्प तलाशतीं। गंडई से आई दो महिलाओं ने बताया कि शौचालय उपयोग करने के बाद उनसे 30 रुपये मांगे गए। विरोध करने पर भी कर्मचारियों ने भुगतान करने की बात कही जिसके बाद उन्हें मजबूरी में राशि देनी पड़ी। खैरागढ़ से लगे दपका की एक महिला ने बताया कि उनसे केवल मूत्रत्याग के लिए 10 रुपये लिए गए वहीं साल्हेवारा की एक अन्य महिला ने भी बिना पूर्व सूचना शुल्क वसूले जाने की बात कही। महिलाओं का कहना है कि यदि बस स्टैंड में सार्वजनिक महिला मूत्रालय होता तो उन्हें इस प्रकार की स्थिति का सामना नहीं करना पड़ता।
शिकायतें हुईं, लेकिन व्यवस्था में नहीं आया सुधार
स्थानीय नागरिकों के अनुसार इस संबंध में नगर पालिका मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) कार्यालय तथा कलेक्टर कार्यालय में कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं। नगर पालिका की सामान्य सभा में भी यह मुद्दा उठाया गया था जहां महिलाओं से अनावश्यक शुल्क नहीं लिए जाने का आश्वासन दिया गया था। इसके बावजूद अब तक व्यवस्था में कोई ठोस सुधार दिखाई नहीं दिया है और कथित वसूली की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं।
जिला मुख्यालय में नगर पालिका के समीप ही मूलभूत सुविधा का अभाव
पूरे विषय को लेकर आम लोगों का कहना है कि नगर पालिका एवं जनपद पंचायत कार्यालय के बेहद नजदीक स्थित बस स्टैंड पर महिलाओं के लिए अलग सार्वजनिक मूत्रालय तक उपलब्ध नहीं होना प्रशासनिक उदासीनता को दर्शाता है। प्रतिदिन इसी मार्ग से अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों का आवागमन होता है, फिर भी महिला यात्रियों की इस बुनियादी समस्या का समाधान नहीं हो सका है।
महिलाओं की मांग, मुफ्त सार्वजनिक मूत्रालय और मामले की जांच हो
महिलाओं एवं स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि बस स्टैंड परिसर में शीघ्र सार्वजनिक महिला मूत्रालय का निर्माण कराया जाए साथ ही शौचालय संचालन की शुल्क व्यवस्था की जांच कराई जाए और यदि नियमों के विपरीत शुल्क वसूला जा रहा है तो संबंधित संचालक के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि यह केवल सुविधा का नहीं बल्कि महिलाओं की गरिमा, सुरक्षा और सम्मान से जुड़ा विषय है।
क्या कहते हैं जिम्मेदार
“महिलाओं से केवल मूत्रत्याग के लिए शुल्क लेने का कोई प्रावधान नहीं है। बस स्टैंड स्थित सुलभ शौचालय का संचालन सुलभ इंटरनेशनल के माध्यम से किया जा रहा है। पूर्व में शिकायत मिलने पर संचालक को समझाइश दी गई थी यदि दोबारा शिकायत मिली है तो मौके पर जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी तथा शौचालय परिसर में निर्धारित रेट लिस्ट भी प्रदर्शित कराई जाएगी।”
टोडर सिंह, सफाई निरीक्षक, नगर पालिका खैरागढ़