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शिक्षा विभाग की जिला स्तरीय विभागीय समीक्षा कार्यशाला में 99 बिंदुओं का एक्शन प्लान जारी

खैरागढ़। जिला शिक्षा अधिकारी उपेन्द्र कुमार देवांगन की अध्यक्षता में बुधवार को प्रेम कुमार सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खैरागढ़ में जिला स्तरीय विभागीय समीक्षा कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में जिले के दोनों विकासखंडों के शिक्षा अधिकारियों, सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारियों, प्राचार्यों, बीआरसी एवं सीआरसी की मौजूदगी में शैक्षणिक एवं प्रशासनिक गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की गई। कार्यक्रम का शुभारंभ वंदेमातरम्, राष्ट्रगान, मां सरस्वती पूजन, दीप प्रज्ज्वलन, सरस्वती वंदना एवं गुरु वंदना के साथ हुआ। कार्यशाला में आगामी परीक्षाओं की तैयारी, परीक्षा शुल्क जमा करने, स्काउट-क्रीड़ा एवं रेडक्रॉस अंशदान, नि:शुल्क पाठ्यपुस्तक एवं सरस्वती साइकिल वितरण की प्रगति की जानकारी ली गई।

समीक्षा के दौरान बालिका शौचालय विहीन शालाओं की स्थिति, विद्यालयों में दर्ज छात्र संख्या, ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान, वीएसके ऐप में विद्यार्थियों की उपस्थिति तथा नवाचारी गतिविधियों से जुड़े विषयों पर भी अधिकारियों से जानकारी ली गई। जिला शिक्षा अधिकारी ने विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता के साथ-साथ स्वच्छता, अनुशासन और बेहतर व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने पर जोर दिया।*

कार्यशाला में विद्यालयों को निजी शालाओं की तर्ज पर सुंदर, आकर्षक, व्यवस्थित एवं परिणामोन्मुखी बनाने के उद्देश्य से 99 बिंदुओं का एक्शन प्लान जारी किया गया। जिला शिक्षा अधिकारी ने प्राचार्यों एवं संकुल समन्वयकों को अपने-अपने विद्यालयों में निर्धारित बिंदुओं को गंभीरता से लागू करने के निर्देश दिए। साथ ही आगामी बोर्ड एवं वार्षिक परीक्षाओं के परिणामों में गुणात्मक सुधार के लिए आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी करने को कहा गया।

कार्यशाला में उपस्थित कलेक्टर ने बोर्ड एवं वार्षिक परीक्षा परिणामों में गुणात्मक सुधार के लिए विकासखंड शिक्षा अधिकारियों को आवश्यक सुझाव एवं मार्गदर्शन दिया। उन्होंने विद्यालय स्तर पर नियमित मॉनिटरिंग, विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति पर ध्यान तथा कमजोर विद्यार्थियों के लिए आवश्यक शैक्षणिक प्रयास करने पर जोर दिया। कार्यशाला के अंत में जिला शिक्षा अधिकारी श्री देवांगन ने सफल आयोजन के लिए सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कार्यशाला में दिए गए निर्देशों का निष्ठापूर्वक पालन करते हुए शैक्षणिक गुणवत्ता एवं विद्यालयीन व्यवस्थाओं में सुधार लाने का आह्वान किया। कार्यक्रम का समापन राजकीय गीत, गायत्री मंत्र एवं शांतिपाठ के साथ हुआ।

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