
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जिला विधिक सेवा प्राधिकरण राजनांदगांव के अध्यक्ष विजय कुमार होता के निर्देश एवं अध्यक्ष मोहनी कंवर तथा सचिव निलेश जगदल्ला के मार्गदर्शन में पैरालिगल वालिंटियर गोलूदास साहू के प्रयास से साइबर ठगी के शिकार एक ग्रामीण युवक को उसकी गुम हुई राशि वापस मिल गई। जानकारी के अनुसार ग्राम पेंड्री निवासी नोहर साहू को एक अज्ञात नंबर से कॉल कर पांच लाख रुपये की लॉटरी लगने का झांसा दिया गया। कॉल करने वाले ने लॉटरी राशि प्राप्त करने के लिए आयकर प्रोसेसिंग फीस एवं बैंक चार्ज के नाम पर किश्तों में 15-15 हजार रुपये की मांग की। लालच में आकर नोहर साहू ने कुल 30 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए। तीसरी बार पुनः 15 हजार रुपये की मांग किए जाने पर उसे संदेह हुआ कि वह साइबर ठगी का शिकार हो गया है। इसी दौरान नालसा योजनाओं के प्रचार प्रसार के दौरान उसकी मुलाकात पैरालिगल वालिंटियर गोलूदास साहू से हुई। पूरी जानकारी मिलते ही साहू ने तत्परता दिखाते हुए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई तथा थाना खैरागढ़ में आवश्यक कार्रवाई करवाई। प्रकरण को न्यायालय में प्रस्तुत किया गया और निःशुल्क विधिक सहायता के तहत अधिवक्ता नियुक्त किया गया। न्यायालय के आदेश पर संबंधित खाते में रोकी गई राशि अंततः नोहर साहू को वापस प्राप्त हो गई। अपनी मेहनत की कमाई लौटने पर युवक की आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। उसने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं पैरालिगल वालिंटियर के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस सहायता से वह अपनी दैनिक जरूरतों को पूरा कर सकेगा। यह प्रकरण आमजन के लिए जागरूकता का संदेश भी है कि किसी भी अज्ञात कॉल या लॉटरी के झांसे में न आएं तथा ठगी की आशंका होने पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी थाने में शिकायत दर्ज कराएं।