
आस्था के ज्योत से जगमगाई शहीद नगरी
छुईखदान। चैत्र नवरात्रि के शुभारंभ के साथ ही नगर सहित ग्रामीण अंचलों में श्रद्धा और भक्ति का माहौल छा गया है। पहले ही दिन सुबह से देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। श्रद्धालु पूजा सामग्री लेकर मंदिरों में पहुंचे और विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर ज्योत ज्वारा स्थापित किया। नगर के प्रमुख देवी मंदिरों मां काली मंदिर, संतोषी मंदिर, काल भैरव मंदिर, शीतला मंदिर, वैष्णव देवी मंदिर टिकरीपारा, महामाया मंदिर कोड़का, लक्ष्मणपुर एवं श्यामपुर शीतला मंदिर सहित आसपास के अंचलों में भक्तों की लंबी कतारें लगी रही। मंदिरों में आस्था के दीप प्रज्वलित होते ही पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। पं.शैलेंद्र तिवारी ने बताया कि श्रद्धालु अपने परिवार की सुख-शांति और समृद्धि के लिए नौ दिनों तक उपवास रखते हैं और कलश स्थापना करते हैं। नवरात्रि के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु पैदल यात्राएं भी कर रहे हैं जिनकी सेवा के लिए सामाजिक संगठनों द्वारा भोजन एवं अन्य व्यवस्थाएं की जा रही हैं। खास बात यह है कि इस बार पैदल यात्रियों में महिलाओं की भागीदारी भी बढ़ी है।नगर के प्राचीन मां काली मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना के साथ ज्योति कलश की स्थापना की गई। पांच कन्याओं द्वारा मुख्य ज्योति प्रज्वलित की गई जिसके बाद अन्य श्रद्धालुओं ने भी अपनी-अपनी ज्योतियां प्रज्वलित की गई। *मध्य रात्रि में हुआ मां काली का विशेष श्रृंगार*मंदिर के पुजारी मनोज तिवारी ने बताया कि नवरात्रि प्रारंभ होने से पूर्व माता का तेल से लेप किया जाता है। ज्योति स्थापना के एक दिन पहले रात्रि 12 बजे मां काली का विशेष श्रृंगार किया गया। इस दौरान चरण स्नान के पश्चात माता को सजाया गया और शंख-घंटी व बाजे-गाजे के साथ भव्य आरती की गई। विभिन्न मंदिरों में ज्योति स्थापनानवरात्रि के पहले दिन विभिन्न मंदिरों में बड़ी संख्या में ज्योति कलश स्थापित किए गए है जिनमें मां काली मंदिर में 43 घी ज्योति, 508 तेल ज्योति, संतोषी मंदिर में 9 घी ज्योति,काल भैरव मंदिर में 1 घी ज्योति, शीतला मंदिर में 1 घी ज्योति, 79 तेल ज्योति, वैष्णव देवी मंदिर (टिकरीपारा) में 8 घी, 118 तेल ज्योति, महामाया मंदिर (कोड़का) में 6 घी, 527 तेल ज्योति, कोड़का शीतला मंदिर में 12 तेल ज्योति,कोड़का शनि मंदिर में 101 तेल ज्योति, लक्ष्मणपुर शीतला मंदिर में 35 तेल ज्योति व श्यामपुर शीतला मंदिर में 37 तेल ज्योति श्रद्धालु द्वारा प्रज्वलित किए गए हैं। पुजारी मनोज तिवारी के अनुसार चैत्र नवरात्रि में हर वर्ष बड़ी संख्या में ज्योति कलश स्थापित किए जाते हैं जो श्रद्धालुओं की गहरी आस्था का प्रतीक है। नवरात्रि के पहले दिन से ही पूरे क्षेत्र में भक्ति, सेवा और श्रद्धा का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। आने वाले दिनों में मंदिरों में और अधिक भीड़ बढ़ने की संभावना है।
