लोक कलाकार मीन लाल मरकाम का निधन, छत्तीसगढ़ी लोककला जगत में शोक

सत्यमेव न्यूज गंडई। छत्तीसगढ़ी लोककला मंच ‘दूध मोंगरा’ के संस्थापक सदस्य एवं प्रथम तबला वादक, सुप्रसिद्ध लोक कलाकार मीन लाल मरकाम का बुधवार को निधन हो गया। उनके निधन की खबर से छत्तीसगढ़ी लोककला जगत में शोक की लहर है। वे मंच से लंबे समय तक जुड़े रहे और अपनी तबला वादन कला से छत्तीसगढ़ी लोक प्रस्तुतियों को विशिष्ट पहचान दिलाई। मीन लाल मरकाम प्रसिद्ध लोक कलाकार एवं ‘माटी के फूल’ से जुड़े स्वर्गीय धुरुवा राम मरकाम तथा छत्तीसगढ़ की लोकगायिकी में विशिष्ट पहचान रखने वाली स्वर्गीय दुखिया बाई मरकाम के मशहूर तबला वादक रहे। लोककला के क्षेत्र में उनके योगदान को कलाकारों और कला प्रेमियों ने स्मरण किया। मृदुभाषी और सरल स्वभाव के मीन लाल मरकाम आध्यात्मिक एवं सत्संग से भी जुड़े रहे। उनके निधन पर लोक कलाकारों, कला प्रेमियों और क्षेत्रवासियों ने गहरा दुख व्यक्त किया। रपटा घाट मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार मीन लाल मरकाम का अंतिम संस्कार गंडई के रपटा घाट मुक्तिधाम में किया गया। अंतिम विदाई के दौरान उनके परिजन, कला जगत से जुड़े कलाकार एवं कला प्रेमी सहित गंडई क्षेत्र के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। उपस्थित लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए छत्तीसगढ़ी लोककला के क्षेत्र में उनके योगदान को याद किया। उनके निधन को लोककला जगत के लिए अपूरणीय क्षति बताया गया।

Exit mobile version