
उल्लास नव भारत साक्षरता अभियान में छात्राओं को मिली जिम्मेदारी, 15 दिनों तक गांव-घर में चलेगा जागरूकता अभियान
सत्यमेव न्यूज खैरागढ़। समाज के हर व्यक्ति को शिक्षा से जोड़ने की दिशा में स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी एवं हिंदी माध्यम शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक शाला खैरागढ़ की छात्राएं अब जागरूकता की मुहिम चलाएंगी। उल्लास नव भारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत विद्यालय में 1 से 15 सितंबर तक साक्षरता पखवाड़ा मनाया जा रहा है। इसी क्रम में प्राचार्य डॉ. कमलेश्वर सिंह ने छात्राओं को साक्षरता का संदेश जन-जन तक पहुंचाने और असाक्षरों को चिन्हांकित कर उन्हें शिक्षित बनाने की शपथ दिलाई। प्राचार्य ने बताया कि भारत सरकार के शिक्षा विभाग एवं साक्षरता मंत्रालय तथा राज्य शासन के दिशा-निर्देशों के अनुरूप अभियान का उद्देश्य 15 वर्ष से अधिक आयु के उन लोगों को शिक्षित एवं सशक्त बनाना है जो औपचारिक स्कूली शिक्षा प्राप्त नहीं कर सके हैं। उन्होंने छात्राओं से अभियान को केवल विद्यालय तक सीमित न रखते हुए अपने गांव, घर और आसपास के क्षेत्रों तक पहुंचाने का आह्वान किया।
हर छात्रा चिन्हांकित करेगी 10 असाक्षर
डॉ. कमलेश्वर सिंह ने छात्राओं को प्रेरित करते हुए कहा कि प्रत्येक छात्रा अपने गांव, घर या पड़ोस में कम से कम 10 असाक्षरों की पहचान करे। इसके बाद उन्हें शिक्षा से जोड़ने के साथ संबंधित जानकारी लिटरेसी पोर्टल पर दर्ज की जाए। इस पहल के जरिए अधिक से अधिक लोगों को साक्षरता अभियान से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
रैली से लेकर प्रतियोगिताओं तक होंगे आयोजन
साक्षरता पखवाड़े के दौरान विद्यालय में अलग-अलग दिनों में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इनमें जागरूकता रैली चित्रकला भाषण और क्विज प्रतियोगिता के साथ रंगोली एवं मेहंदी प्रतियोगिताएं शामिल हैं। गीत और नृत्य की प्रस्तुतियों के माध्यम से भी शिक्षा एवं साक्षरता का संदेश दिया जाएगा।
अभियान में विद्यार्थियों की भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए राज्य शासन द्वारा कक्षा 10वीं एवं 12वीं के विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा में 10 अंक बोनस के रूप में दिए जाने का प्रावधान बताया गया है। इस कार्य के लिए करन साहू एवं मनोज पटेल को प्रभारी बनाया गया है। कार्यक्रम में कुणाल टंडन, किशोर यादव, विनीता दीक्षित, खूम वर्मा, नीलू सिंह, तृप्ति दशरिया, उत्तरा साहू, करन साहू, अखिलेश कुमार श्रीवास्तव, उपमा देवी त्रिपाठी, रिया जैन, चन्द्रशेखर रजक, सरोजबाला साहू सहित शाला परिवार के शिक्षक एवं व्याख्याता उपस्थित रहे।